India is going to recognize the Taliban government ?

0207,2024

क्या भारत देने जा रहा है तालिबान सरकार को मान्यता ?

⇒अफगानिस्तान पर हुई UN की मीटिंग में भारत की तरफ से विदेश मंत्रालय के अधिकारी जेपी सिंह शामिल हुए।

पृष्ठभूमि

  •  जेपी सिंह ने UN की मीटिंग से पहले मार्च में काबुल गए थे।
  •  वहां उन्होंने तालिबान के अधिकारियों से मुलाकात की थी।
  •  अफगानिस्तान को मान्यता देने के लिए भारत अभी तैयार नहीं है।
  •  हालांकि वहां मानवीय मदद पहुंचा कर अपना असर बनाए रख रहा है।
  •  अफागनिस्तान में सुरक्षा के हालातों की वजह से भारत तालिबान को इग्नोर नहीं कर सकता है।

तालिबान का पक्ष

  • तालिबान के प्रतिनिधि जबिउल्लहा मुजाहिद ने बैठक के बाद कहा कि उन्हें सभी देशों के सामने अपनी बात रखने का मौका मिला।
  • तालिबान के सत्ता में आने के बाद से अफगानिस्तान के बैंकिंग सेक्टर और उनके अधिकारियों पर पाबंदियां लगी हैं।
  • इससे अफगानिस्तान की अर्थव्यवस्था काफी कमजोर हो गई है।
  • ऐसे में तालिबान की मांग है कि उस पर लगे प्रतिबंधों को हटाया जाए।

भारत से रिश्ते मजबूत करना चाहता है तालिबान

  • तालिबान के विदेश मंत्री मुत्ताकी ने मार्च में भारत जेपी सिंह के साथ हुई बैठक में कहा था, 'हम भारत के साथ राजनीतिक और आर्थिक स्तर पर रिश्तों को मजबूत करना चाहते हैं।'
  • विदेश मंत्री ने भारत से अफगान व्यापारियों, छात्रों और मरीजों के लिए वीजा लेने की प्रक्रिया आसान करने की अपील की थी।
  •  हालांकि, भारत के विदेश मंत्रालय की तरफ से बैठक को लेकर कोई बयान नहीं दिया गया था।
  •  भारत ने सुरक्षा और स्थिरता को बनाए रखने, नशीले पदार्थों के खिलाफ अभियान चलाने, ISIS जैसे आतंकी संगठन और भ्रष्टाचार से लड़ने के लिए तालिबान की
  • सराहना की थी।
  •  जेपी सिंह ने कहा था- भारत अफगानिस्तान के साथ राजनीतिक और आर्थिक सहयोग बढ़ाना चाहता है।
  •  उन्होंने चाबहार पोर्ट के जरिए व्यापार बढ़ाने पर भी जोर दिया था।

कूटनीतिक मान्यता की माँग कर रहा तालिबान

  •  तालिबान ने 15 अगस्त 2021 को काबुल के साथ ही पूरे अफगानिस्तान पर कब्जा कर लिया था।
  •  इसके बाद से वो लगातार दुनिया से उसे मान्यता देने की मांग करता रहा है।
  •  तालिबान के कार्यकारी रक्षा मंत्री मुल्लाह मोहम्मद याकूब मुजाहिद का कहना है की -
  • सरकार ने मान्यता हासिल करने के लिए सारी जरूरतों को पूरा किया है।
  •  इसके बावजूद अमेरिका के दबाव में आकर दूसरे देश हमें मान्यता नहीं दे रहे हैं।
  •  हम उन देशों से मान्यता की अपील करते हैं जो अमेरिका के दबाव में नहीं हैं। हम
  • चाहते हैं कि दुनिया के ताकतवर इस्लामिक देश हमें सरकार के तौर पर पहचानें।
     

12:50 pm | Admin


Comments


Recommend

Jd civils,Chhattisgarh, current affairs ,cgpsc preparation ,Current affairs in Hindi ,Online exam for cgpsc

Waheeda Rehman won 53rd Dada saheb Phalke Award

Waheeda Rehman ,Dada saheb phalke,दादासाहेब फालके

53वां दादा साहेब फालके पुरस्कार  2023 ् 53rd Dada Saheb Phalke Award  मशहूर एक्ट्रेस  वहीदा रहमान को सिनेमा जगत के सबसे बड़े सम्मान से नवाजा जाएगा. वह...

0
Jd civils,Chhattisgarh, current affairs ,cgpsc preparation ,Current affairs in Hindi ,Online exam for cgpsc

chandrashekhar azaad

अमर शहीद चंद्र शेखर आज़ाद ⇒चंद्र शेखर आज़ाद का जन्म भाबरा गाँव, अलीराजपुर (मध्य प्रदेश) में 23 जुलाई, 1906 को हुआ था। इनके पिता का नाम ...

0

Subscribe to our newsletter