Nobel on Literature 2023

0510,2023

साहित्य के क्षेत्र में नोबेल पुरस्कार का एलान  कर दिया गया है  2023 का नोबेल पुरस्कार नॉर्वे के लेखक जॉन फॉसे को दिया गया। उन्हें उनके अभिनव नाटकों और गद्य के लिए इस सम्मान से नवाजा गया, जो अनकही की आवाज बनते हैं।
 स्टॉकहोम में स्वीडिश अकादमी ने घोषणा करते हुए बताया कि साहित्य का नोबेल पुरस्कार नॉर्वेजियन लेखक जॉन फॉसे को दिया जाएगा. ऐसा कहा जाता है कि फॉसे उन्‍हें आवाज देते हैं, जिन्‍हें व्‍यक्‍त नहीं किया जा सकता. उनके नाटकों में काफी इनोवेशन होता है, जिसे काफी पसंद भी किया जाता है. यही वजह है कि इस अवॉर्ड के लिए इस साल उन्‍हें चुना गया है.

 

जॉन फॉर्से ने दो दर्जन से ज्यादा नाटकों के अलावा उपन्यास, कविता संग्रह, निबंध और बच्चों की कई किताबें भी लिखी है. उनके किताबों की 40 से ज्यादा भाषाओं में का अनुवाद किया गया है ।।


पिछले साल 2022 में साहित्य का नोबेल पुरस्कार फ्रेंच लेखिका एनी अर्नो को दिया गया है. एनी एक फ्रांसीसी लेखक और साहित्कार है. वह साहित्य की प्रोफेसर है. उनका साहित्य ज्यादातर आत्मकथात्मक, समाजशास्त्र पर अधारित है.

फ़ॉसे का जन्म - 1959 में - नॉर्वेजियन पश्चिमी तट पर हुआ था. 24 साल के थे, तब पहला उपन्यास छपा: 'रॉड्ट, स्वार्ट' (लाल, काला). आलोचकों के मुताबिक़, फ़ॉसे का पहला उपन्यास भावनात्मक रूप से कच्चा था. लेकिन पहली ही किताब से उन्होंने ख़ुदकुशी से बात की. मौत उनके प्रिय विषयों में से एक है.

फ़ॉसे की लेखन शैली को "फ़ॉसे मिनिमलिज़्म" कहा जाता है क्योंकि उनके गद्य भी कविता के सलीक़े से लिखे होते हैं. स्वीडिश अकादमी के स्थायी सचिव मैट्स माल्म का कहना है कि अगर आपने अभी तक उन्हें नहीं पढ़ा है, तो आप उनके किसी भी नाटक से शुरुआत कर सकते हैं क्योंकि वे बेहद पठनीय हैं. जटिल मानवीय भावनाओं पर उनका चिंतन गहन और मार्मिक है, और उनका लिखा लंबे समय तक आपके साथ रहता है.

Published by DeshRaj Agrawal 

07:51 am | Admin


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